हम आज भी दिल का आशियाना

हम आज भी दिल का आशियाना सजाने से डरते हैं,
बागों में फूल खिलाने से डरते हैं,
हमारी एक पसंद से टूट जाएँगे हज़ारों दिल,
 तभी तो हम आज भी गर्लफ्रेंड बनाने से डरते हैं.
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